यूपी में ब्राह्मण परिवार ने अपनाया इस्लाम लेकिन अब हो रही हैं मुसीबतें

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विश्व में यूँ तो कई धर्म और उसके अनुयायी मौजूद हैं फिर भी सभी दुसरे धर्मों में से इस्लाम सबसे ज्यादा तेजी से बढने वाला धर्म बनता जा रहा है.

आज कई देशों की सरकारें और कई छोटे-बड़े धमों की संस्था इस्लाम धर्म का दुप्रचार करते हुए उसे बदनाम करने के लिए अरबो रूपये तक खर्च कर रही हैं लेकिन बावजूद इसके दुनियाभर के लोग इस्लाम में अपना विश्वास दिखाते हुए इसे दिल से अपना रहे हैं.

आज जिस तेजी से इस्लाम दुनिया में फ़ैल रहा हैं उसे देख ऐसा ही लगता हैं की वो दिन अब दूर नहीं जब इस्लाम दुनिया का सबसे बड़ा धर्म बन जाएगा.

दुनिया में कई जगह मुसलमानों पर हो रहे हैं अत्याचार

लेकिन इस बात में भी कोई दौराय नही हैं कि कई देशों में इस्लाम और मुसलमानों पर अत्याचार किया जा रहा है.

इतना ही नहीं उसे अपनाने वालों को भी इर्ष्या की नज़र से देखा जा रहा है. जिसमें से भारत भी एक हैं.

हम अक्सर मुसलमानों पर हो रहे अत्याचारों की खबर सुनते रहते हैं जिसे रोकने के लिए सरकार भी असक्षम नज़र आती है.

ऐसा ही एक मामला हाल ही में देखने को मिला जहाँ उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में बबेरू कस्बे के एक ब्राह्मण परिवार ने करीब आठ साल पहले इस्लाम धर्म स्वीकार कर लिया था.

लेकिन सालों बाद अब राज्य में सत्ताधारी बीजेपी सरकार के आने के बाद जैसे ही पड़ोसियों को उस परिवार के धर्म परिवर्तन की जानकारी मिली तो अब परिवार का जीना मुश्किल सा हो गया है.

इस्लाम अपनाने वाले ब्राह्मण परिवार पर हो रहा है अत्याचार

मामला जब प्रशासन के पास पहुंचा तो प्रशासन की पहल पर पुलिस ने इस मामले का संज्ञान ले लिया है.

बीते सोमवार जब इस मामले में बबेरू के उपजिलाधिकारी अरविंद कुमार श्रीवास्तव से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि

“मूलरूप से पतवन गांव के घनश्याम शुक्ला ने 2011 में स्वेच्छा से इस्लाम धर्म स्वीकार कर लिया, इसके बाद उसकी पत्नी कालिन्द्री ने 2013 में धर्म परिवर्तन किया. यह परिवार बबेरू कस्बे में मकान खरीद कर रह रहा है.”

उपजिलाधिकारी ने ये भी बताया कि,

“घनश्याम की शिकायत पर पुलिस बल के साथ रविवार को मैंने जांच की है. धर्म परिवर्तन की जानकारी होने पर अब पड़ोसी घनश्याम का उत्पीड़न कर रहे हैं. इस परिवार की सुरक्षा के लिए बबेरू पुलिस को सतर्क कर दिया गया है.

ब्राह्मण परिवार के इस्लाम कबूल करने के पीछे थी ये बड़ी वजह

इस गंभीर मामले पर जांच कर रहे घनश्याम बताते हैं कि,

“शादी के बाद उसके परिवार (माता-पिता और भाई) ने उसे घर से निकाल दिया था. वह मानसिक रूप से बीमार रहने लगा. किसी ने हरदौली ‘चापे शाह बाबा’ की मजार जाने की सलाह दी. मजार पहुंचा तो साक्षात चापे शाह बाबा का दीदार हुआ. उनके हुक्म पर उसने इस्लाम धर्म कुबूल कर लिया.

निष्कर्ष

वाकई जिस तरह आज देश में मुसलमानों पर सरेआम अत्याचार हो रहे हैं उसे देख ऐसा ही लग रहा हैं कि ये देश धर्मों में बट सा गया हैं. जिसका फ़ायदा सियासी रूप में हर पार्टी लेती दिख रही है.

story source: https://aajtak.intoday.in/crime/story/brahmin-family-adopts-islam-religion-neighbor-is-harassing-banda-1-995242.html


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